विशेष संवाददाता चिमन लाल
झज्जर
सर्दी का मौसम गहराने के साथ ही सुबह और देर शाम के समय कोहरे की स्थिति बननी शुरू हो गई है। ऐसे में सड़क हादसों की संभावनाएँ भी बढ़ जाती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए जिला पुलिस ने आमजन एवं वाहन चालकों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है। पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह (एडीजीपी) ने कहा कि मौसम में बदलाव के दौरान धुंध के कारण कई बार छोटे-बड़े सड़क हादसे घटित होते हैं, जिन्हें केवल थोड़ी सी सावधानी से रोका जा सकता है। इसलिए सभी वाहन चालकों से अपील है कि वे यातायात नियमों का पालन करें और पूरी सतर्कता के साथ गाड़ी चलाएँ। उन्होंने कहा कि कोहरे में गाड़ी चलाते समय सबसे महत्वपूर्ण है कि वाहन चालक सड़क के बाएँ किनारे को ध्यान में रखते हुए वाहन को नियंत्रित गति में चलाएँ। कोहरे में दृश्यता कम हो जाती है, इसलिए आगे चल रहे वाहन से उचित दूरी बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने चेताया कि हाई बीम का प्रयोग कतई न करें, क्योंकि इससे रोशनी कोहरे में बिखर जाती है और दृश्यता और भी कम हो जाती है। इसके स्थान पर लो बीम पर हेडलाइट रखें, जिससे आगे का रास्ता बेहतर दिखाई देगा और सामने वाले वाहन को भी आपकी गाड़ी स्पष्ट दिख सकेगी। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि हाईवे पर सड़कों के किनारे बनी पीली लाइन को फॉलो करना अत्यंत उपयोगी होता है। इससे वाहन चालक दिशा भटकने से बचते हैं। उन्होंने कहा कि यदि मोड़ लेना हो तो काफी पहले से इंडिकेटर दें ताकि पीछे आने वाले वाहन चालक को समय रहते संकेत मिल सके और दुर्घटना टाली जा सके। कोहरे में केवल फॉग लाइट जलाकर और हेडलाइट बंद कर वाहन चलाना भी खतरनाक स्थिति पैदा कर सकता है, क्योंकि दूर से आने वाले वाहन को सिर्फ फॉग लाइट ठीक से दिखाई नहीं देती। इसलिए हेडलाइट व फॉग लाइट दोनों का संतुलित उपयोग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी वाहन चालक अपने वाहनों में फॉग लाइट अवश्य लगवाएँ, क्योंकि यह घने कोहरे को चीरकर रोशनी आगे तक पहुँचाने में मदद करती है। साथ ही, कोहरे के दौरान वाहन की गति बिल्कुल नियंत्रित रखें और अनावश्यक ओवरटेक करने से बचें। यदि कोहरा बहुत घना हो, तो जब तक संभव हो सड़क पर निकलने से परहेज करें। ट्रक, टैंपो व भारी वाहनों के पीछे रिफ्लेक्टर लगाए जाने पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि कम दृश्यता की स्थिति में भी पीछे से आने वाले वाहन उन्हें आसानी से देख सकें। पुलिस ने भारी वाहनों के चालकों को भी चेताया है कि वे किसी होटल, ढाबे या दुकान के सामने सड़क पर गाड़ी न खड़ी करें। इससे पीछे से आने वाले वाहन चालकों को अचानक रुकावट का अंदेशा नहीं होता और हादसे की संभावना बढ़ जाती है। यदि किसी वाहन में तकनीकी खराबी आ जाए, तो उसे सड़क के किनारे काफी दूर हटाकर खड़ा करें और उसकी सभी लाइटें चालू रखें ताकि वाहन दूर से ही दिखाई दे सके। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि जिले के सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष गश्त बढ़ाने और धुंध के दौरान सुरक्षा उपायों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस का उद्देश्य है कि किसी भी तरह सड़क दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और आमजन सुरक्षित रूप से सफर कर सके।