डोनाल्ड ट्रंप अमेरिकी राष्ट्रपति की व्यापारिक नीतियों को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने ट्रंप द्वारा लगाए गए व्यापक वैश्विक टैरिफ को 6-3 के बहुमत से गैर-कानूनी करार दे दिया है। कोर्ट ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति के पास टैरिफ लगाने की असीमित शक्ति नहीं है और उन्हें संवैधानिक सीमाओं के भीतर रहकर ही काम करना होगा।
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से अमेरिकी सरकार की आर्थिक गणित बिगड़ती नजर आ रही है। इस आदेश के बाद लगभग $89 बिलियन (89 अरब डॉलर) की टैरिफ आय सीधे तौर पर प्रभावित हो सकती है। Donald Trump सबसे बड़ी राहत उन व्यापारिक कंपनियों को मिली है जिन्होंने अब तक यह टैक्स चुकाया है, कानूनन अब वे कंपनियां सरकार से अपना रिफंड मांगने की हकदार हो गई हैं।
कोर्ट ने यह साफ कर दिया है कि व्यापारिक मामलों में राष्ट्रपति की शक्तियां कानून के ऊपर नहीं हैं। इस ऐतिहासिक फैसले के बाद अब ट्रंप प्रशासन के उन कड़े आर्थिक फैसलों पर सवालिया निशान लग गया है जिन्हें वैश्विक बाजार के लिए चुनौती माना जा रहा था।