क्राइम हिलोरे न्यूज ग्रुप की खबर का असर। बता दे कि क्राइम हिलोरे न्यूज ग्रुप ने दिल्ली में खासकर पहाड़ गंज में चल रहे अवैध स्पा की खबर को प्रमुखता से उठाते हुए जनहित में खबर को प्रकाशित भी किया था । जिस पर क्राइम हिलोरे के वरिष्ठ संवाददाता को काफी बाद विवाद का सामना करना पड़ा था। लेकिन रिहायशी इलाकों में मुद्दा केवल स्पा का नहीं है, मुद्दा है रिहाईशी इलाकों चल रहे अवैध होटल्स ,अवैध BARs पर भी सख्त कानूनी कार्यवाही होनी चाहिए। जहां कई अवैध रूप से बने होटल्स में भी जिस्मफरोशी का धंधा खुलेआम चल रहा है।
बता दे काफी शिकायतों के बाद दिल्ली में रिहायशी इलाकों में स्पा सेंटर चलाने को लेकर भाजपा सरकार सख्त हो गई है। भाजपा की निगम सरकार ने निजी प्रस्ताव पारित कर रिहायशी इलाकों में स्पा सेंटर चलाने को लेकर निति में परिवर्तन करने का प्रस्ताव पारित कर दिया है।
दिल्ली में अब नए प्रस्ताव के अनुसार केवल नई नीतियों में केवल लोकल शाॅपिंग कांप्लेक्स और माॅल जैसे ही व्यावसायिक स्थानों पर स्पा सेंटर चलाने की अनुमति होगी।
हालांकि सदन से प्रस्ताव पारित होने के बाद अभी इसे लागू करने के लिए निगम की नीति में संशोधन का प्रस्ताव अब निगमायुक्त को लाना होगा। इसके बाद नीति को पारित करने किए जाने के साथ ही नए नियम लागू हो जाएंगे। रिहायशी इलाकों में स्पा सेंटर खुलने से आस-पास के माहौल पर बुरा असर पड़ने की संभावना रहती है। इसलिए स्पा सेंटर के लाइसेंस को लेकर नीति में संशोधन किया जाए।
दिल्ली में स्पा सेंटर को लेकर नियम लागू है। लेकिन उन नियमों का पालन नहीं हो रहा है। नियमानुसार सुबह 9 से रात नौ बजे तक ही स्पा सेंटर को चलाया जा सकता है, लेकिन दिल्ली के विभिन्न इलाकों में देर रात तक यह स्पा सेंटर संचालित होते हैं। इतना ही नहीं क्रॉस जेंडर (यानि महिला द्वारा पुरुष) की मसाज या पुरुष द्वारा महिला की मसाज प्रतिबंधित है। बावजूद इसके ज्यादातर स्पा सेंटर में प्रशासन की मिलीभगत से नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। कई स्पा सेंटरों में देह व्यापार के मामले में भी सामने आ चुके हैं।
रिहायशी इलाकों में स्पा सेंटर को लेकर काफी पार्षदों की शिकायतें आ रही है लोग परेशान है क्योंकि स्पा सेंटर के नाम पर अवैध कार्य भी हो रहे हैं। इससे रिहायशी इलाके में लोगों का रहना मुश्किल हो रहा है। हम चाहते हैं कि नीति में संशोधन हो और केवल व्यावसायिक शापिंग कांप्लेक्स और माल में ही स्पा सेंटर चलाने की अनुमति हो।
अब देखना ये है कि रिहाईशी इलाकों में चल रहे स्पा के विरुद्ध स्वास्थ विभाग कमेटी दिल्ली नगर निगम नियमों को लेकर बदलाव हेतु प्रस्ताव पारित को कर रही लेकिन निगम में फैले व्यापक भ्रष्टाचार के चलते जमीनी स्तर पर क्या ये SPA बंद होंगे या फिर ये SPA सेंटर ऐसे ही चलते रहेंगे।