AMU के सर जियाउद्दीन हॉल में पुलिस की दबिश के दौरान एक छात्र के हॉस्टल कमरे से अवैध हथियारों के सामान, नकली नोट और जाली दस्तावेज बरामद मिले हैं। यह छापेमारी दो दिन पहले एफएम टॉवर इलाके में हुई फायरिंग की घटना की जांच के सिलसिले में की गई थी।
पुलिस के अनुसार, द्वितीय वर्ष के छात्र शहबाज उर्फ छोटू के कमरे से भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री मिली. देसी पिस्टल 32 बोर की दो मैगजीन, 315 बोर के चार खोखे, 9 एमएम का एक कारतूस, 12 बोर के चार कारतूस और कुछ 12 बोर खोखे. इसके अलावा 100 रुपये के छह नकली नोट, आठ मोबाइल फोन और एक लैपटॉप भी कमरे से मिला है. सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि शहबाज के नाम की दो अलग-अलग उम्र वाली हाईस्कूल मार्कशीट और दो अलग-अलग नामांकन पत्र भी बरामद हुए. इससे संदेह जताया जा रहा है कि छात्र जाली दस्तावेजों के जरिए यूनिवर्सिटी में रह रहा था या फर्जी तरीके से नामांकन कराया हुआ था।
दबिश के दौरान पुलिस पहुंचने से पहले ही आरोपी छात्र शहबाज मौके से फरार हो गया. पुलिस ने सिविल लाइन थाने में शहबाज उर्फ छोटू के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है और उसकी तलाश शुरू कर दी है. पूछताछ में उसके अन्य साथियों के नाम भी सामने आए हैं, जिनमें से कुछ को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है. यह घटना एएमयू परिसर में अवैध गतिविधियों और हॉस्टलों में बाहरी लोगों के रहने को लेकर उठ रहे सवालों को फिर हवा दे रही है. विश्वविद्यालय प्रशासन पहले भी हॉस्टलों में क्षमता से अधिक छात्रों और अवैध कब्जे के मुद्दे पर सक्रिय रहा है, लेकिन इस तरह की बरामदगी ने सुरक्षा व्यवस्था पर नए सिरे से बहस छेड़ दी है.
पुलिस का कहना है कि फायरिंग मामले की जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर ही यह दबिश की गई थी. अब फरार आरोपी की गिरफ्तारी और बरामद सामग्री की फॉरेंसिक जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. मामले की जांच जारी है और पुलिस सभी पहलुओं पर गहनता से काम कर रही है।