तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी पर सोनारपुर में लोगो ने सरेआम पिटाई कर दी। अभिषेक वहां चुनाव के बाद हुई हिंसा के पीड़ितों से मिलने पहुंचे थे, तभी स्थानीय लोगों ने उन्हें घेर लिया।
इस हंगामे का एक शॉकिंग वीडियो भी सामने आया है, जिसमें भारी अफरातफरी देखी जा सकती है। हमले के दौरान अभिषेक बनर्जी की शर्ट तक फट गई और सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें सुरक्षित निकालने के लिए आनन-फानन में हेलमेट पहनाकर गाड़ी तक पहुंचाया। इस घटना पर गुस्सा जाहिर करते हुए अभिषेक बनर्जी ने कहा, “यह सब भाजपा द्वारा प्रायोजित है। पुलिस कहीं दिखाई नहीं दे रही है।”
एक तरफ जहां जमीन पर अभिषेक बनर्जी को भारी विरोध का सामना करना पड़ा, वहीं दूसरी तरफ उनके खिलाफ कानूनी शिकंजा भी कस गया है। पश्चिम बंगाल पुलिस की सीआईडी (CID) ने अभिषेक बनर्जी को समन जारी कर सोमवार दोपहर 12 बजे भवानी भवन (पुलिस मुख्यालय) में पेश होने का आदेश दिया है।
यह पूरा मामला विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष (LoP) के रूप में शोभनदेब चट्टोपाध्याय के नामांकन से जुड़ा है। आरोप है कि विधानसभा सचिवालय को भेजे गए पत्र में टीएमसी के कुछ विधायकों के फर्जी हस्ताक्षर (Forged Signatures) किए गए थे। इस संबंध में कोलकाता के हरे स्ट्रीट थाने में केस दर्ज होने के बाद जांच सीआईडी को सौंप दी गई है। राजनीतिक हिंसा और कानूनी जांच के इस दोहरे संकट ने राज्य की सियासत में नया भूचाल ला दिया है।