नई दिल्ली | विशेष संवाददाता
राजधानी में अवैध निर्माण के खिलाफ प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई का ऐलान किया है। अगले 72 घंटों के भीतर दिल्ली के अलग-अलग जोन में चिन्हित की गई अवैध इमारतों को ध्वस्त किया जाएगा। इसके लिए निगम और विकास प्राधिकरण ने संयुक्त एक्शन प्लान तैयार किया है।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद एक्शन में प्रशासन
सूत्रों के अनुसार, हाईकोर्ट के सख्त रुख के बाद दिल्ली नगर निगम ने अवैध निर्माणों की नई सूची तैयार की है। इस सूची में 200 से अधिक इमारतें शामिल हैं, जो बिना नक्शा पास कराए या तय मानकों का उल्लंघन कर बनाई गई हैं। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि 72 घंटे के अंदर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पूरी की जाए।
हर जोन में फ्लाइंग स्क्वायड और QRT की तैनाती
कार्रवाई को बाधित होने से रोकने के लिए हर जोन में फ्लाइंग स्क्वायड तैनात की गई है। साथ ही क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) को 24 घंटे अलर्ट पर रखा गया है।
निगम के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, “जहां भी अवैध निर्माण की सूचना मिलेगी, फ्लाइंग स्क्वायड मौके पर पहुंचकर वीडियोग्राफी करेगी और QRT के साथ मिलकर तुरंत कार्रवाई करेगी। किसी भी तरह के विरोध या कानून व्यवस्था की स्थिति से निपटने के लिए दिल्ली पुलिस का सहयोग भी लिया जा रहा है।”
ड्रोन से हो रही निगरानी
पहली बार अवैध निर्माण की निगरानी के लिए ड्रोन सर्वे का सहारा लिया जा रहा है। छतों पर हो रहे अतिरिक्त निर्माण और बेसमेंट में चल रहे अवैध कमर्शियल कार्यों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अवैध निर्माण की सूचना हेल्पलाइन नंबर पर दें और अफवाहों पर ध्यान न दें।