हाल के दिनों में पूरे देश में पर्यूषण महापर्व / दसलक्षण पर्व के चलते जैन समाज की शोभा यात्राएं निकली हैं। सोशल मीडिया पर भी इस हफ्ते “आज की शोभा यात्रा” के नाम से कई रील्स आई हैं जिनमें महिलाएं सिर पर मंगल कलश लेकर, पीले वस्त्रों में और स्वर्ण रथ के साथ जुलूस में शामिल दिख रही हैं।
पहाड़गंज में परंपरा के अनुसार:
- दसलक्षण पर्व के अंतिम दिन भगवान जिनेन्द्र की भव्य रथयात्रा / विमानोत्सव निकाला जाता है, जिसमें ढोल-नगाड़ों और भजनों के साथ बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल होते हैं। • स्थानीय प्रशासन के अनुसार आने वाले महीनों में भी इसी मार्ग से जैन समाज, अग्रवाल समाज एवं अन्य धार्मिक संगठनों द्वारा शोभा यात्राएं प्रस्तावित हैं।
आमतौर पर यात्रा पहाड़गंज के मुख्य जैन मंदिर से शुरू होकर मुख्य बाजार, चूना मंडी और देशबंधु गुप्ता रोड होते हुए निकलती है — इसी रूट का उपयोग जन्माष्टमी और अन्य धार्मिक जुलूसों में भी होता रहा है।
मंटोला से शुरुआत होकर यह भव्य शोभा यात्रा मेन बाजार पहाड़गंज, नई दिल्ली रेलवे स्टेशन रोड और पहाड़गंज के विभिन्न हिस्सों से होते हुए निकाली गई।
यात्रा के दौरान:
- आगे-आगे बैंड-बाजे, ध्वज और भगवान महावीर के जयकारे • बीच में सुसज्जित रथ / विमान पर विराजमान जिन प्रतिमा • पीछे जैन समाज की महिलाएं सिर पर मंगल कलश लिए पीले वस्त्रों में, और पुरुष वर्ग सफेद परिधान में भजन गाते हुए • जगह-जगह समाज के लोगों द्वारा पुष्प वर्षा कर स्वागत
पहाड़गंज दिगंबर जैन पंचायती मंदिर जो मंटोला क्षेत्र का मुख्य मंदिर है, वहाँ से ही हर साल पर्यूषण और दसलक्षण पर्व की यह वार्षिक रथयात्रा निकाली जाती है। इसी मंदिर में वर्तमान में मुनि विभंजन सागर महाराज विराजमान हैं, जिनके सानिध्य में इस यात्रा का आयोजन होता है।
रेलवे स्टेशन और मेन बाजार वाला इलाका होने से इस रूट पर भीड़ काफी रहती है, इसलिए यात्रा को देखने के लिए हजारों श्रद्धालु सड़कों पर जुटे थे।