दिल्ली | विशेष संवाददाता
सेंट्रल जिले की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड (AATS) ने ऑपरेशन कवच 14.0 के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए शाहदरा थाने के घोषित अपराधी (P.O.) और बदमाश चरित्र (B.C.) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी आर्म्स एक्ट के मामले में भगोड़ा घोषित था और गिरफ्तारी से बचने के लिए गाजियाबाद के नशा मुक्ति केंद्र में छिपा हुआ था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान राजू उर्फ रियाजुद्दीन, उम्र 28 वर्ष, निवासी शाहदरा, दिल्ली के रूप में हुई है। आरोपी के खिलाफ चोरी, सेंधमारी और आर्म्स एक्ट समेत कुल 8 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह शाहदरा थाने का हिस्ट्रीशीटर (B.C.) भी है।
AATS को हेड कांस्टेबल महेंद्र (1227/C) के जरिए आरोपी के गाजियाबाद में छिपे होने की पुख्ता सूचना मिली थी। सूचना इंचार्ज AATS इंस्पेक्टर संदीप कुमार से साझा की गई। एसीपी/ऑपरेशंस पदम सिंह राणा के मार्गदर्शन और इंस्पेक्टर संदीप कुमार के नेतृत्व में टीम गठित की गई।
तकनीकी निगरानी और लगातार फील्ड इनपुट के आधार पर टीम ने गाजियाबाद के नसीब विहार स्थित ‘न्यू सुधार फाउंडेशन’ नशा मुक्ति केंद्र में छापा मारा। आरोपी को बिना किसी विरोध के गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में आरोपी ने कबूला कि थाना शाहदरा के FIR नंबर 153/2019, धारा 25 आर्म्स एक्ट में 04.02.2026 को कोर्ट द्वारा भगोड़ा घोषित किए जाने के बाद वह फरार हो गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह कई महीनों से नशा मुक्ति केंद्र में शरण लिए हुए था।आरोपी राजू उर्फ रियाजुद्दीन के खिलाफ पहले से 8 मामले दर्ज हैं।
इस ऑपरेशन को एसीपी/ऑपरेशंस पदम सिंह राणा के समग्र मार्गदर्शन में अंजाम दिया गया। इस टीम में इंस्पेक्टर संदीप कुमार, इंचार्ज AATS , एसआई अजय ,हेड कांस्टेबल महेंद्र ( ,हेड कांस्टेबल अनुज देव , कांस्टेबल पुष्पेंद्र शामिल रहे।
उपायुक्त पुलिस, सेंट्रल जिला, रोहित राजबीर सिंह, IPS ने बताया कि ऑपरेशन कवच 14.0 के तहत अपराधियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी है। तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचना के आधार पर फरार अपराधियों को पकड़ा जा रहा है। इस मामले में कोई बरामदगी नहीं हुई है, लेकिन लंबे समय से फरार चल रहे घोषित अपराधी को पकड़ना बड़ी सफलता है।