नई दिल्ली, 3 जुलाई 2026
दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने नौकरी का झांसा देकर 27 लोगों से करीब 19 लाख रुपये ठगने वाले आरोपी भारत मिश्रा उर्फ प्रीतम कुमार मिश्रा उर्फ राजेश प्रसाद को गिरफ्तार किया है। आरोपी स्काई-ब्लू ओवरसीज कंसल्टेंसी के नाम से फर्जी प्लेसमेंट कंपनी चला रहा था।
इस मामले में गौतम कुमार थापा समेत 27 पीड़ितों ने 2022-23 में शिकायत दर्ज कराई थी। आरोपी और उसके साथियों ने जनकपुरी के डीडीए मार्केट, A1/19B स्थित ऑफिस से विदेश में नौकरी दिलाने का लालच दिया। पीड़ितों से वीजा प्रोसेसिंग, मेडिकल जांच, एयर टिकट के नाम पर पासपोर्ट और नकद/ऑनलाइन पैसे लिए गए। भरोसा जीतने के लिए पीड़ितों का मेडिकल कराया गया और नकली वीजा व एयर टिकट थमा दिए गए। पैसे लेने के बाद आरोपी ऑफिस बंद कर फरार हो गए। आरोपी भारत मिश्रा अलग-अलग नामों से फर्जी आईडी बनाकर काम करता था। ऑफिस भी फर्जी आईडी से किराए पर लिया था। पासपोर्ट और मोटी रकम लेने के बाद न तो नौकरी दिलाई और न ही पैसे वापस किए।
EOW ने तकनीकी और वित्तीय इंटेलिजेंस का इस्तेमाल कर आरोपियों की तलाश शुरू की। सभी आरोपियों के खिलाफ लुक आउट सर्कुलर (LOC) भी जारी किया गया। सर्विलांस और तकनीकी इनपुट के आधार पर आरोपी भारत मिश्रा का पता नोएडा के शिव धाम एन्क्लेव, सेक्टर-80 में मिला। 1 जुलाई 2026 को EOW की टीम ने छापा मारकर 52 वर्षीय भारत मिश्रा को उसके घर से गिरफ्तार किया।
भारत मिश्रा उर्फ प्रीतम कुमार मिश्रा उर्फ राजेश प्रसाद नोएडा में अपने घर से ज्योतिष का काम करता था। पुलिस के अनुसार, आरोपी का कोई पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है।
EOW के डीसीपी अमित वर्मा, IPS के अनुसार, बाकी फरार आरोपियों की तलाश जारी है। ठगी की रकम का पता लगाने और पूरी साजिश का खुलासा करने के लिए जांच चल रही है।
पुलिस ने नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले एजेंटों से सावधान रहने की अपील की है। किसी भी एजेंसी को पैसे देने से पहले उसकी प्रमाणिकता जरूर जांच लें।