नई दिल्ली: दिल्ली नगर निगम (MCD) के पार्षदों का कार्यकाल अप्रैल 2027 में पूरा हो रहा है और चुनाव आयोग 2027 में MCD चुनाव की तैयारी में है। इससे पहले निगम की शक्तिशाली समितियों के नए चेयरमैन और डिप्टी चेयरमैन के चुनाव पूरे हो गए हैं, जिसमें भारतीय जनता पार्टी ने अपना दबदबा बरकरार रखा है।
स्थायी समिति में फिर भाजपा का परचम
MCD की सबसे ताकतवर समिति मानी जाने वाली स्थायी समिति (Standing Committee) के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद पर भाजपा के उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए हैं।
- अध्यक्ष: गौतमपुरी वार्ड की पार्षद सत्या शर्मा लगातार दूसरी बार स्थायी समिति की चेयरमैन चुनी गई हैं। • उपाध्यक्ष: करावल नगर वेस्ट के पार्षद सुंदर सिंह / सत्यपाल सिंह उपाध्यक्ष नियुक्त हुए हैं।
स्थायी समिति के कुल 18 सदस्यों में भाजपा के 12 और आम आदमी पार्टी के 6 सदस्य हैं। इस बार आम आदमी पार्टी ने अध्यक्ष-उपाध्यक्ष पद के लिए उम्मीदवार नहीं उतारा था।सिविक सेंटर में निगम सचिव कार्यालय ने 27 जुलाई 2026 को चुनाव प्रक्रिया पूरी की थी।
चेयरमैन बनने के बाद सत्या शर्मा ने कहा कि नागरिक सेवाओं का विस्तार किया जाएगा और बजट 2025-26 और 2026-27 को आम नागरिक के जीवन को सरल और सुरक्षित बनाने के रोडमैप के रूप में पेश किया जाएगा।
12 वार्ड कमेटियों का रिजल्ट: 10 पर बीजेपी, 2 पर AAP
15 जुलाई 2026 को 12 वार्ड समितियों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और स्थायी समिति की 6 रिक्त सीटों के लिए मतदान हुआ था। इसमें भी बीजेपी ने बड़ी जीत दर्ज की।
- 12 में से 10 वार्ड कमेटी पर भाजपा और 2 पर आम आदमी पार्टी ने कब्जा किया। कांग्रेस का खाता नहीं खुला।
कौन कहाँ जीता: - शाहदरा नॉर्थ: चेयरमैन – पंकज लूथरा (BJP), डिप्टी – बृजेश सिंह
- शाहदरा साउथ: चेयरमैन – यशपाल सिंह, डिप्टी – राजू सचदेवा
- रोहिणी: चेयरमैन – पुष्पा (AAP), डिप्टी – रमेश चंद (AAP)
- केशवपुरम: चेयरमैन – विनीत वोहरा (BJP), डिप्टी – मीनू गोयल
- नजफगढ़ ज़ोन: चेयरमैन और स्टैंडिंग कमेटी सीट दोनों पर बीजेपी की जीत
- सिटी एसपी जोन: ऊषा शर्मा (BJP) ने 7 वोट से जीत हासिल की
- वार्ड कमेटियों के बाद अब तदर्थ (Ad-hoc) और विशेष समितियों के चेयरमैन-डिप्टी चेयरमैन के चुनाव भी अगस्त-सितंबर 2026 में पूरे होने हैं। निगम सचिव कार्यालय के अनुसार 2 और 3 सितंबर को इनके लिए मतदान होना तह हुआ था।
- 2027 चुनाव का गणित
वर्तमान में MCD सदन में बीजेपी के 140 पार्षद हैं, AAP के 95, कांग्रेस के 9 और 1 निर्दलीय है। हाल ही में AAP पार्षद विकास टांक के बीजेपी में शामिल होने के बाद बीजेपी का आंकड़ा बढ़ा है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि समितियों पर कब्जा 2027 के MCD चुनाव से पहले संगठनात्मक बढ़त के तौर पर देखा जा रहा है, क्योंकि स्थायी समिति ही बजट, टेंडर और सभी खर्चों को मंजूरी देती है।