नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच और असम के चराईदेव जिला पुलिस ने ज्वाइंट ऑपरेशन में अंतरराज्यीय नशा तस्करी सिंडिकेट के अहम सप्लायर को गिरफ्तार किया है।
पकड़े गए आरोपी की पहचान अपूर्बा ठाकुर (27) के रूप में हुई है। वह मूल रूप से मुजफ्फरपुर, बिहार का रहने वाला है और वर्तमान में नरेला, दिल्ली में रह रहा था। आरोपी चराईदेव के थाना मथुरापुर में दर्ज केस नंबर 24/2026 में वांछित था। यह मामला NDPS एक्ट की धारा 21(B), 23, 27A, 29 और UAPA की धारा 13, 39, 40 के तहत दर्ज है।
पुलिस के मुताबिक, इस नेटवर्क का खुलासा 17 जुलाई 2026 को हुआ था, जब असम पुलिस ने एक स्विफ्ट कार से 46.11 ग्राम हेरोइन बरामद की थी। जांच में मनुज गोगोई, भास्कर गोगोई और देबाशीष दहुटिया की गिरफ्तारी हुई। तकनीकी जांच में नेटवर्क के तार दिल्ली से जुड़े और ULFA(I) के सक्रिय कैडर मृदुपवन दहुटिया से संपर्क का शक सामने आया।
जांच में सामने आया कि अपूर्बा ठाकुर दिल्ली से असम की तरफ साइकोट्रोपिक टेबलेट की सप्लाई का सोर्स था। उसके मोबाइल से 2025 से मृदुपवन दहुटिया के साथ लगातार व्हाट्सएप चैट, एक दवा खेप का इनवॉइस और भास्कर गोगोई की पत्नी बॉबी गोगोई के साथ लाखों रुपये का Paytm लेन-देन मिला है।
25 अगस्त को असम पुलिस के अनुरोध पर DCP हर्ष इंदौरा के निर्देश पर ACP राजपाल डाबस की देखरेख में इंस्पेक्टर अक्षय गहलौत के नेतृत्व में WR-II, क्राइम ब्रांच की टीम गठित की गई। टीम ने तकनीकी और मैनुअल निगरानी के बाद आरोपी को नरेला से ट्रेस कर पकड़ा।
आरोपी को चराईदेव पुलिस के DySP आर्यन नाथ की टीम को सौंप दिया गया है। कोर्ट ने असम ले जाने के लिए 4 दिन का ट्रांजिट रिमांड दिया है।
क्राइम ब्रांच के अनुसार, मामले में नशा-आतंक गठजोड़ (नार्को-टेरर नेक्सस) की आशंका पर जांच जारी है कि क्या नशे की कमाई का इस्तेमाल गैरकानूनी गतिविधियों की फंडिंग में हो रहा था।