नई दिल्ली। आउटर जिले के रन्हौला थाने की पुलिस ने एक हाई-प्रोफाइल हनी-ट्रैप और जबरन वसूली गैंग का पर्दाफाश किया है। गैंग एक निर्दोष व्यक्ति को झूठे रेप केस में फंसाकर 50 लाख रुपये वसूलना चाहता था। मामले में मुख्य साजिशकर्ता समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
क्या था मामला:
30 सितंबर को पीएस रन्हौला में चंचल पार्क के एक होटल में रेप की पीसीआर कॉल मिली थी। 25 वर्षीय युवती ने आरोप लगाया था कि एक व्यक्ति ने फोटो वायरल करने की धमकी देकर उसे होटल में बुलाया।
जांच में खुलासा हुआ कि पीड़िता को Work India App के जरिए नौकरी का झांसा देकर राम सिंह और उसके साथियों ने अपने जाल में फंसाया था। आरोपियों ने उसे धमकाकर रमेश चंदर नामक व्यक्ति को हनी-ट्रैप में फंसाने के लिए मजबूर किया।
साजिश के तहत 30 सितंबर को युवती रमेश चंदर को नांगलोई चौक से बापरोला स्थित एक फ्लैट में ले गई, जहां दोनों के बीच सहमति से संबंध बने। इसके तुरंत बाद राम सिंह और उसके साथी वहां पहुंचे और युवती से जबरन 112 पर झूठी कॉल करवाई।
बाद में पिता की मौजूदगी में पूछताछ के दौरान पीड़िता “S” ने सच कबूल किया कि संबंध सहमति से थे और उसे ब्लैकमेल कर झूठा आरोप लगवाया गया था। इस पर थाना रन्हौला में BNS की धारा 45, 49, 248B, 308(2), 308(6), 308(7), 3(5) के तहत FIR दर्ज की गई।
जांच में सामने आया कि यह पूरा मामला पारिवारिक संपत्ति विवाद से जुड़ा है। योगिंदर, महेंद्र, राकेश और नवीन चार भाई हैं। रमेश चंदर, महेंद्र के ससुर हैं और वह भाइयों की प्रॉपर्टी संभालते हैं। योगिंदर ने रमेश को प्रॉपर्टी मैनेजमेंट छोड़ने को कहा था और धमकी दी थी कि नहीं माना तो झूठे केस में फंसा देगा। इसी रंजिश में योगिंदर उर्फ पप्पू ने राम सिंह के साथ मिलकर साजिश रची और झूठी कॉल के तुरंत बाद रमेश चंदर से मामला सुलझाने के नाम पर 50 लाख रुपये की मांग की।
इस मामले में 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है जिसमें राम सिंह उर्फ भूरा (38), निवासी प्रेम नगर-II, किराड़ी , दूसरा शिव प्रताप सिंह उर्फ शिवा (43), निवासी प्रेम नगर-I, किराड़ी और तीसरा योगिंदर उर्फ पप्पू (56), निवासी सेक्टर-11, रोहिणी जो मुख्य साजिशकर्ता है, शामिल है।
पुलिस टीम ने तकनीकी सर्विलांस, CDR विश्लेषण और लोकल इंटेलिजेंस के आधार पर आरोपियों को पकड़ा। फरार सह-आरोपियों की तलाश जारी है।
टीम: SHO रन्हौला इंस्पेक्टर नरेंद्र के नेतृत्व में इंस्पेक्टर अजय, SI रजत, SI सोनू, W/SI पिंकी, HC संदीप, HC अशोक, HC दिनेश और Ct. हितेश की टीम ने ACP नांगलोई के पर्यवेक्षण में कार्रवाई की।