राजधानी दिल्ली में सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट पुलिस के थाना पटेल नगर ने विदेशी नागरिकों द्वारा चलाए जा रहे एक बड़े ड्रग रैकेट का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने 71 ग्राम एम्फेटामाइन के साथ तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में दो विदेशी नागरिक शामिल हैं, जो वीजा समाप्त होने के बाद भी अवैध रूप से भारत में रह रहे थे।
शादिपुर फ्लाईओवर से हुई गिरफ्तारी की शुरुआत
25 जून को पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि पटेल नगर इलाके में एक विदेशी नागरिक नशीले पदार्थों की सप्लाई कर रहा है। एसएचओ इंस्पेक्टर नवीन कुमार के नेतृत्व और एसीपी सुनील कुमार की देखरेख में एसआई धर्मेंद्र, एसआई पीयूष, एसआई उमेश, हेड कांस्टेबल मुकेश, कांस्टेबल अजय और कांस्टेबल संदीप की टीम गठित की गई। टीम ने शादिपुर फ्लाईओवर के पास जाल बिछाकर आरोपी प्रिंस को 54 ग्राम एम्फेटामाइन के साथ दबोच लिया।
पूछताछ के बाद निहाल विहार और निलोठी में छापेमारी कर दो अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपी कौन हैं:
- प्रिंस, 22 वर्ष – मूल निवासी केप टाउन, दक्षिण अफ्रीका। 2023 में मेडिकल/टूरिस्ट वीजा पर भारत आया था। मार्च 2026 में वीजा खत्म होने के बाद भी दिल्ली के निहाल विहार में अवैध रूप से रह रहा था। 2. एफोसा मिकेल अटोहान उर्फ लियोन, 24 वर्ष – मूल निवासी बेनिन सिटी, नाइजीरिया। 2019 में स्टडी वीजा पर आया, जो 2023 में समाप्त हो गया। उत्तम नगर में अवैध रूप से रह रहा था। 3. जस्टिन चुकुवा, 36 वर्ष – निलोठी निवासी। पिता नाइजीरियाई और माता भारतीय हैं। जन्म से भारत में रह रहा है।
कपड़ों के कारोबार की आड़ में नशे का धंधा
पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी दिखावे के लिए भारत-नाइजीरिया के बीच कपड़ों का आयात-निर्यात करते थे, लेकिन असल में दिल्ली में एम्फेटामाइन की तस्करी कर रहे थे। तीनों मिलकर नशे की खेप मंगाते, स्टोर करते और सप्लाई करते थे।
71 ग्राम एम्फेटामाइन बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 71 ग्राम एम्फेटामाइन बरामद की है – प्रिंस से 54 ग्राम, लियोन से 8 ग्राम और जस्टिन से 9 ग्राम। बरामद मात्रा व्यावसायिक श्रेणी में आती है।
जांच जारी, विदेश मंत्रालय को सूचना
डीसीपी सेंट्रल रोहित राजबीर सिंह ने बताया कि विदेशी नागरिकों के वीजा समाप्त होने की सूचना विदेश मंत्रालय को दे दी गई है। पुलिस अब ड्रग सप्लाई के स्रोत, ग्राहकों और आरोपियों के बैंक खातों, मोबाइल रिकॉर्ड व अंतरराष्ट्रीय लिंक की जांच कर रही है। आरोपियों का पिछला आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है।
पुलिस का कहना है कि “नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत ड्रग तस्करों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।